बीकानेरी FIRE PAAN खाकर लोग महसूस करते है थ्रिल

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आप लोगो ने पान अपनी जिन्दगी में जरुर खाया होगा और कई तरह के पान खाए होंगे मीठा पान, कलकत्ति पान, मद्राशी पान, चोकलेटी पान . लेकिन जलते हुए पान ( FIRE PAAN ) को कोई आपके मुह में भकोस दे तो ….?

बीकानेर में आजकल काफी प्रचलित है FIRE PAAN

पहले आपको ये विडियो दिखा दू कैसे पान वाला धधकते पान को आपके मुह में धकेलता है फिर इसके बारे में कुछ और बाते करेंगे

असल में पान की तासीर ठंडी होती है लोग इसे इसके स्वाद के लिए भी खाते है ये मुह को ठंडक देता है और फिर जोरदार कत्थे में भीगा पान मुह के छालो में भी राहत देता है . लेकिन बीकानेर के युवा स्वाद साथ एडवेंचर लिए भी इसे खाते है , बीकानेर की कई सारी दुकानों पे FIRE PAAN को खाने वाले युवा समूह बनाकर जाते है एक एक करके पान वाले सामने खड़े होते है और फिर एक जलता हुआ पान उनके मुह में भकोस दिया जाता है या यूँ कहे धकेल दिया जाता है |

कैसे लगाई जाती है FIRE PAAN में आग और इसके फायदे

दरअसल पान में कत्था , चुना , सुपारी , गुलकंद लगाने के बाद उसमें लौंग रखकर उसमे आग लगा दी जाती है , ये आग की लपटे कुछ दो या चार सेकंड में शांत हो जाती है और जब जली हुई लौंग के साथ पान गले से उतरता है तो स्वाद के साथ एक औषधि भी बन जाता है . दुकानदार से पूछा तो पता चला गला खराब हो तो फायर पान उसमे फायदा करता है आग से कोई नुक्सान नहीं होता जली हुई लौंग को पान ठंडा रखता है .

पान और बीकानेर

बीकानेर में भुजिया, पापड, रसगुल्लों के बाद पान ही ऐसी चीज है जो सबसे ज्यादा प्रचलित है , पान के व्यवसाइयो के अनुसार रोजाना दो लाख पान की बीकानेर में खपत होती है इसमें 25 जूट मीठा पान व् तक़रीबन 30-35 जूट मद्राशी पान की बिक जाते है | जयपुर जोधपुर के बाद बीकानेर में ही राजस्थान का सबसे ज्यादा पान खाने वाले रसिये है . पान बीकानेर में कलकत्ता के मदीनापूरी और मछेदा से आता है , पान को यंहा पाचन , मुख सुद्धि और सदर सत्कार के लिए भी जाना जाता है .

अगर आप भी थोडा साहसी किस्म के इंसान है और कुछ नया खाने के शोकीन है तो फायर पान जरुर खाके देखिये थोडा सा अजीब जरुर लगेगा आपको जब दुकानदार लौंग में आग लगाएगा लेकिन वो आपको नुक्सान नहीं देने वाली जरूरी नहीं के बीकानेर में ही फायर पान मिलेगा आजकल देश के लगभग हर रसिये शहर में ये प्रचलित है .

बीकानेर की मशहूर पान की दुकान मूलसा फूलसा पान वाले का ब्लॉग यंहा पढ़े

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Post Author: rao ankit

few months ago in 2017 I decided I'd rather make no money and do what I love rather than make alot of money and hate my job. now i think choosing traveling is Best decision of my life

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